फेमस सिंगर और रैपर हनी सिंह हरिद्वार दौरे पर रहे. जहां उन्होंने प्रसिद्ध नीलेश्वर महादेव मंदिर में पहुंचकर विधि विधान से जलाभिषेक कर भगवान शिव की पूजा अर्चना की. मंदिर में दर्शन के दौरान हनी सिंह पूरी तरह श्रद्धा में लीन नजर आए. वो समय-समय पर इस मंदिर में दर्शन के लिए आते रहते हैं. इसे अपने जीवन से गहराई से जुड़ा हुआ मानते है.
सिंगर यो यो हनी सिंह का मानना है कि नीलेश्वर महादेव मंदिर में पूजा करने के बाद उनके जीवन में सकारात्मक बदलाव आया और उनका करियर एक बार फिर नई ऊंचाइयों की ओर बढ़ा. यही कारण है कि वो अपने व्यस्त कार्यक्रम के बावजूद यहां आना नहीं भूलते.
नीलेश्वर महादेव मंदिर के मुख्य महंत हरिदास महाराज ने बताया कि नीलेश्वर महादेव मंदिर में देश विदेश से श्रद्धालु दर्शन के लिए पहुंचते हैं. पूजा अर्चना के बाद भक्त अपने अपने गंतव्य को लौट जाते हैं. उन्होंने बताया कि हनी सिंह भी अक्सर मंदिर में दर्शन के लिए आते रहते हैं और श्रद्धा के साथ भगवान शिव की आराधना करते हैं.
उन्होंने मीडिया से ज्यादा बातचीत तो नहीं की थी लेकिन उन्होंने युवाओं को नशे से दूर रहने और सही दिशा में आगे बढ़ने का संदेश जरूर दिया था. उन्होंने बताया था कि नशा समाज और व्यक्ति के जीवन के लिए बेहद खतरनाक होता है. युवा पीढ़ी को इससे दूर रहना चाहिए.
हनी सिंह की नीलेश्वर मंदिर में गहरी आस्था है. अपने व्यस्त समय में से समय निकालकर वो हरिद्वार आते रहते हैं और यहां भगवान शिव की पूजा अर्चना करते हैं. पिछली बार अगस्त के महीने में हनी सिंह हरिद्वार आए थे.
माना जाता है कि नीलेश्वर मंदिर में सतयुग के समय का शिवलिंग है. यह वही स्थान है, जहां से भोलेनाथ ने अपनी जटा से वीरभद्र को उत्पन्न किया था और राजा दक्ष के यज्ञ का यही पर बैठे-बैठे विध्वंस किया था. भगवान शंकर ने इसी स्थान पर समुद्र मंथन से निकले विष को पिया था. भोलेनाथ ने विष पीने के बाद यहीं से नीलकंठ में जाकर आराम किया था.
कहा जाता है कि जब भोलेनाथ ने समुद्र मंथन से निकाला विष पीया था, तो यह पर्वत और गंगा का पानी नीला हो गया था. इसलिए आज भी इस पर्वत को नील पर्वत और गंगा को नील गंगा के नाम से जाना जाता है. इसी के कारण मंदिर का नाम नीलेश्वर महादेव मंदिर पड़ा.
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