लैंड जिहाद और IMA के समीप भूमि आवंटन के विरोध में विहिप–बजरंग दल ने किया डीएम कार्यालय का घेराव, राष्ट्रीय सुरक्षा को बताया खतरा

विश्व हिंदू परिषद बजरंग दल के नेतृत्व में जिलाधिकारी कार्यालय का घेराव कार्यकर्ताओं के द्वारा किया गया मौके पर उपस्थित कार्यकर्ताओं ने लैंड जिहाद में शासन प्रशासन की भूमिका व जिहादी लैंड माफिया की गोद में बैठकर भ्रष्टाचार और अनैतिक रूप से सरकारी जमीनों पर अनाधिकृत कब्जे करवाने में जिला प्रशासन की भूमिका पर सवालिया प्रश्न चिन्ह लगाया प्रांत मिलन प्रमुख विकास वर्मा ने कहा विगत लंबे समय से प्रशासन के संज्ञान में पछुवा दून क्षेत्र में लैंड जिहाद कर डेमोग्राफिक बदलाव को बहुत बड़े परिवर्तन दिखाया गया है। प्रदेश मुख्यमंत्री तक के लैंड जिहाद पर सख्त आदेशों के बाद भी जिला प्रशासन के कानों पर अभी तक जू नहीं रेंगी खानापूर्ति के नाम पर एक दो अवैध प्लाटिंग ध्वस्त की गई है प्रभावी रूप से लैंड जिहाद में आरोपी लोगों के विरुद्ध कोई भी गंभीर मुकदमे पंजीकृत नहीं है जिसमें निम्न विषयों के साथ विश्व हिंदू परिषद बजरंग दल जिला अधिकारी कार्यालय पर उपस्थित हुआ.

विषय: देहरादून स्थित भारतीय सैन्य अकादमी (IMA) के समीप जमीयत उलेमा-ए-हिंद को सरकारी भूमि आवंटन के प्रस्ताव से उत्पन्न राष्ट्रीय सुरक्षा संबंधी गंभीर आशंकाओं के संबंध में।
महोदय,
सविनय निवेदन है कि वर्तमान में देहरादून स्थित भारतीय सैन्य अकादमी (IMA) के समीपवर्ती क्षेत्र में जमीयत उलेमा-ए-हिंद नामक संस्था को सरकारी भूमि आवंटित किए जाने की जो जानकारी प्राप्त हो रही है, वह अत्यंत गंभीर राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़ा विषय है।
जमीयत उलेमा-ए-हिंद स्वयं को शैक्षणिक उद्देश्य से “मुस्लिम यूनिवर्सिटी” की स्थापना हेतु भूमि आवंटन का इच्छुक बताती है, किंतु देशभर में इस संस्था की वैचारिक पृष्ठभूमि, पूर्व गतिविधियों एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर इससे जुड़ी संस्थाओं को लेकर अनेक बार कट्टरपंथी और देश विरोधी विचारधाराओं से संबंध होने की आशंकाएँ व्यक्त की जाती रही हैं।
यह विशेष रूप से चिंताजनक है कि प्रस्तावित भूमि भारतीय सैन्य अकादमी जैसे अत्यंत संवेदनशील सैन्य संस्थान के निकट स्थित है। इस प्रकार के क्षेत्र में किसी भी ऐसी संस्था की स्थापना, जिसकी विचारधारा या गतिविधियों को लेकर संदेह की स्थिति हो, सेना की सुरक्षा, खुफिया तंत्र तथा राष्ट्रीय हितों के लिए गंभीर खतरा उत्पन्न कर सकती है। इसे सेना के सुरक्षा तंत्र के समीप संभावित जोखिम तत्वों को प्रवेश देने के समान माना जा सकता है।
कांग्रेस सरकार द्वारा सरकारी भूमि को ऐसी मुस्लिम कट्टर विचारधारा मोहम्मद असद मदनी की संस्था को देना उत्तराखंड में अवैध मुस्लिम घुसपैठ को बढ़ावा देने और उत्तराखंड की डेमोक्रेसी को चेंज करने का षड्यंत्र दिखाई दे रहा है उत्तराखंड के अंदर मुस्लिम यूनिवर्सिटी के माध्यम से देवबंद जैसी हिंदू विरोधी और देश विरोधी गतिविधियों का बड़ा केंद्र स्थापित करने का षड्यंत्र था जिसे बजरंग दल किसी भी रूप में स्वीकार नहीं करेगा देश की सुरक्षा एजेंसियों की सुरक्षा और उत्तराखंड की डेमोक्रेसी के साथ कोई खिलवाड़ नहीं होने दिया जाएगा
राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े विषयों में अत्यधिक सतर्कता और पारदर्शिता अनिवार्य है।
अतः आपसे विनम्र अनुरोध है कि—
उक्त भूमि आवंटन प्रस्ताव को तत्काल प्रभाव से स्थगित किया जाए।
जमीयत उलेमा-ए-हिंद संस्था की पृष्ठभूमि, वित्तीय स्रोतों एवं वैचारिक गतिविधियों की गृह मंत्रालय एवं खुफिया एजेंसियों से निष्पक्ष और गहन जांच कराई जाए।
IMA एवं अन्य सैन्य प्रतिष्ठानों के आसपास भूमि उपयोग से संबंधित स्पष्ट और कठोर नीति लागू की जाए।
जांच पूर्ण होने तक किसी भी प्रकार की अनुमति प्रदान न की जाए।
इन विषय ऊपर आवश्यक जांच हो

* क्या इस प्रस्तावित भूमि आवंटन के संबंध में रक्षा मंत्रालय एवं सुरक्षा एजेंसियों से औपचारिक अनुमति एवं सुरक्षा मूल्यांकन प्राप्त किया गया है?
* क्या स्थानीय नागरिकों एवं जनप्रतिनिधियों को विश्वास में लेकर निर्णय प्रक्रिया अपनाई गई है?
* क्या इस परियोजना के दीर्घकालिक सुरक्षा प्रभावों का स्वतंत्र आकलन किया गया है?
* कांग्रेस सरकार के किस नेता ने किसी लालच में उत्तराखंड विरोधी और देश विरोधी को सरकारी भूमि आवंटन मैं अहम भूमिका निभाई
* देश भर के जो भी आतंकी पकड़े जाते हैं उसका केश महमूद अरशद मदनी द्वारा हलाल के पैसे से उसे बचाने का प्रयास होता है इसकी भी गहन जांच की जानी चाहिए
* राशिद पहलवान जिसकी मध्यस्थता के चलते यह सरकारी भूमि मोहम्मद असद मदनी की संस्था को आवंटित हुई है इस पर भी सैकड़ो सरकारी भूमि पर अवैध रूप से पश्चिमी उत्तर प्रदेश से और बांग्लादेशियों को बसाने के आरोप है एवं इसके ऊपर दर्जनों गंभीर आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं इसकी भी कठोरता से जांच और कार्रवाई की जाए

उत्तराखंड की सामाजिक समरसता, लोकतांत्रिक संरचना एवं राष्ट्रीय सुरक्षा सर्वोपरि है। अतः हम सरकार से आग्रह करते हैं कि इस विषय में पूर्ण पारदर्शिता बरती जाए, सभी आवश्यक सुरक्षा जांच सार्वजनिक की जाएं, तथा जब तक व्यापक सुरक्षा समीक्षा पूर्ण न हो, तब तक किसी भी प्रकार का अंतिम भूमि हस्तांतरण रोका जाए।

हमें पूर्ण विश्वास है कि माननीय सरकार राष्ट्रहित एवं सुरक्षा को सर्वोपरि रखते हुए इस गंभीर विषय पर शीघ्र एवं उचित निर्णय लेगी।

मौके पर उपस्थित कार्यकर्ताओं मे प्रांत मिलन प्रमुख बजरंग दल विकास वर्मा
जिला संयोजक अमन स्वेडिया, कमल बिजलवान ,राघव उपाध्याय विहिप अध्यक्ष अनिल मेसोन, आशीष बलूनी, राजेश सोमवंशी सौरभ गौतम, अमन राजवंशी, हर्ष सहगल राशिराम वर्मा ,अशोक वर्मा, यशवर्धन मौर्य,
आशीष शर्मा सचिन चौधरी अर्पण सनी गोविंद वीरेंद्र शर्मासुमित गुप्ता मुकेश शर्मा चंद्र प्रताप नरेश शर्मा हितेश शर्मा, दर्शन चौहान, गगन चौधरी, ध्रुव चौधरी,हरीश कोहली, व अन्य दर्जनों लोग उपस्थित रहे

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